आज जनपद बदायूं के विकास क्षेत्र कादरचौक के ब्लॉक संसाधन केंद्र असरासी पर समस्त कार्यकारिणी, संघर्ष समिति उतर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा- इकाई कादरचौक एवं खंड शिक्षा अधिकारी कादरचौक के बैनर चले सेवानिवृत शिक्षक सम्मान समारोह कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती देवी के समक्ष दिलीप कुमार खंड शिक्षा अधिकारी कादरचौक ने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं तस्वीर पर माल्यार्पण कर किया जिसमें वीरेंद्र सिंह , शाइस्ता परवीन व सौदान सिंह को सम्मानित किया गया साथ ही विकास क्षेत्र कादरचौक के ही राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक मोहम्मद असरार (सेवानिवृत) उच्च प्राथमिक विद्यालय ककोड़ा एवं डॉ. जुगल किशोर उच्च प्राथमिक विद्यालय असरासी तथा राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षक प्रवीण कुमार उच्च प्राथमिक विद्यालय गंगपुर पुख्ता एवं ह्रर्देश चंद्र माथुर प्राथमिक विद्यालय चतुरी नगला जैसे गौरव शिक्षकों को भी सम्मान समारोह में सम्मानित किया गया। दिलीप कुमार खंड शिक्षा अधिकारी कादरचौक ने अपने संबोधन में कहा कि यह गौरवान्वित का विषय है कि कादरचौक ब्लॉक में महान विभूतियां की कमी नहीं है जिसका जीता जागता उदाहरण है की कदरचौक ब्लॉक में दो राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक हैं और दो ही राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षक हैं हमारे ब्लॉक के समस्त शिक्षक नवाचार द्वारा अपने बच्चों को शिक्षण कार्य में निपुण बना रहे हैं यह हर्ष का विषय है कि लगातार 10 वर्षों से कादरचौक ब्लॉक खेलकूद प्रतियोगिता में भी जनपद स्तरीय विजेता घोषित होता रहा है। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ शाखा इकाई कादरचौक के ब्लॉक अध्यक्ष बृजेश यादव जी ने कहा कि जो पुराने शिक्षकों के लिए टीईटी परीक्षा पास करने का ऑर्डर निकाला गया है उसके खिलाफ जनपद स्तरीय 16 तारीख को ज्ञापन दिया जाएगा आप सभी शिक्षक ससमय 16 तारीख को अध्यापक मालवीय आवास गृह पर पहुंचे आप सभी के अधिकारों की आवाज प्राथमिक शिक्षक संघ सदैव उठाता रहा है और उठाता रहेगा। आज सेवानिवृत शिक्षक सम्मान समारोह में आप सभी ने प्रतिभाग किया उसके लिए मैं सभी का बहुत-बहुत आभार व साधुवाद करता हूं। इस अवसर पर उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ शाखा इकाई कादरचौक के अध्यक्ष बृजेश यादव, मंत्री तरकीब दानिश, कोषाध्यक्ष कामिनी रानी, उपाध्यक्ष मोहम्मद जुबेर खान, सोमेश चंद्र व मुकेश यादव, राजीव कुमार जौहरी सहित कार्यकारिणी के समस्त सदस्य उपस्थित रहे। संचालन डॉ जुगल किशोर ने किया।
Budaun Amarprabhat