बिसौली। नगर के इमामबाड़ा कदीम हवेली सादात में अलम ए मुबारक का जुलूस बड़ी अकीदत और एहतराम के साथ निकाला
गया। इस जुलूस में बड़ी तादात में अजादारों ने शिरकत की और नौहाख्वानी व मातम के जरिए हजरत इमाम हुसैन अ. स. और उनके वफादार साथियों को खिराज ए अकीदत पेश किया।
मौलाना फिरोज अब्बास नकवी लखनवी ने मजलिस को खिताब करते हुए कहा कि इमाम हुसैन अ. स. की कुर्बानी इंसानियत, इंसाफ, सच्चाई और हक की सरबलंदी का सबसे बड़ा पैगाम है। कर्बला का संदेश हर दौर में जुल्म, अत्याचार और न इंसाफी के खिलाफ डटकर खड़े होने की प्रेरणा देता है। मौलाना के दर्द भरे बयान को सुनकर अज़ादारों की आंखें नम हो गई और गम और अकीदत का माहौल छा गया। मजलिस में अंजुमन फरोगे अजा के सदर मो. रज़ा, मुतावल्ली अब्बास रजा, मुस्तफा हैदर, तनज़ीम हैदर, अकील अब्बास, साजिद अब्बास, आलिम अली, सलीम अली, शाहिद रज़ा, सय्यद रज़ा, अफरोज अब्बास, गुलरैज़ अब्बास, महमूद अली, इज्ज़त अली, मो. वसीम, मोहम्मद सलीम, ज़िया अब्बास, फैसल अली, तैयब अली, औन अब्बास, माजिद अली, शब्बर खान, अता हुसैन, दिलशाद हुसैन, शहबाज हुसैन, इमरान अली, मुन्तजिर, तनवीर इकबाल, जमाल इकबाल, हैदर रज़ा, हसन इकबाल, हुसैन इकबाल, शावेज़ अब्बास, मोहम्मद ज़की, कमर अब्बास, अज़हर अब्बास, इमरान रिज़वी आदि मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat