राज्य अध्यापक पुरस्कार से सम्मानित शिक्षक हिरदेश चंद्र माथुर का बरेली में हुआ जोरदार सम्मान
राहुल श्रीवास्तव की कार्यक्रम में रही अहम भूमिका
बरेली। जनपद बदायूं के थाना सिविल लाइंस क्षेत्र के निवासी हिरदेश चंद्र माथुर को दिनांक 05 सितंबर 2025 को योगी सरकार ने लखनऊ स्थित लोकभवन में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में संदीप कुमार सिंह बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री एवं माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाबो देवी के द्वारा राज्य अध्यापक पुरस्कार से सम्मानित किया गया जिसके चलते आज बरेली स्थित सर्वोदय नगर की लाइब्रेरी में नेशन डेवलपमेंट यूथ के अध्यक्ष सुनील कुमार श्रीवास्तव एवं सचिव सौरभ कुमार ने एक सम्मान समारोह का आयोजन किया , जिसका संचालन योगेश श्रीवास्तव ने किया कार्यक्रम की अध्यक्षता एडवोकेट धर्मवीर सिंह ने की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि शिक्षक हिरदेश चंद्र माथुर को सुनील श्रीवास्तव ने बुके देकर एवं शॉल ओढ़ा कर सम्मानित किया , वहीं एडवोकेट धर्मवीर सिंह ने बुके देकर सम्मानित किया । तथा कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित सभी छात्र एवं छात्राओं ने फूल की माला पहनाकर गुरु जी का सम्मान किया ।
कार्यक्रम को आगे बढ़ते हुए एडवोकेट धर्मवीर सिंह ने कहा कि “शिक्षक समाज का मार्गदर्शक होता है, जो नई पीढ़ी को सही दिशा देता है। शिक्षकों का योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा।” उन्होंने विद्यार्थियों से भी आह्वान किया कि वे अपने गुरुओं का सम्मान करें और उनके बताए मार्ग पर चलकर देश का नाम रोशन करें।
गुरु जी हिरदेश चंद्र माथुर ने कहा कि शिक्षक समाज का दीपक है जो अपने ज्ञान से ज्ञा तक के अंधकार को दूर करता है विद्यार्थी जीवन की राह में आने वाली कठिनाइयों को शिक्षक की सहज बनाते हैं शिक्षकों को मानना है कि बच्चों में छपी क्षमताओं को पहचानना और उन्हें सही मार्ग दिखाना ही उनकी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है यही कारण है कि हर महान व्यक्तित्व के पीछे किसी न किसी गुरु का हाथ होता है
समारोह के अंत में नेशन डेवलपमेंट यूथ फाउंडेशन की आयोजक समिति द्वारा गुरु जी को स्मृति चिन्ह भेंट किए और उनके प्रति आभार व्यक्त किया गया। कार्यक्रम में योगेश श्रीवास्तव,दीपक श्रीवास्तव, सोमवीर श्रीवास्तव,एडवोकेट धर्मवीर सिंह, राहुल श्रीवास्तव,सतीश सागर, अनंत प्रकाश, पद्युमन यादव, ब्रजेश यादव, अखिलेश कुमार, राजीव श्रीवास्तव, मांडवी, शालिनी , प्रिंस, धनंजय , रवेंद्र कुमार यादव एवं शहर के गणमान्य नागरिक, अभिभावक, छात्र-छात्राएँ और शिक्षा प्रेमी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
Budaun Amarprabhat