सहसवान: प्राइवेट अस्पताल में डिलीवरी के दौरान हुई जच्चा-बच्चा की मौत के मामले में कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। अस्पताल संचालक एक अज्ञात और महिला समेत दो डाक्टर नामजद किए गए हैं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरु कर दी है।
कोतवाली क्षेत्र के गांव भवानीपुर खैरु निवासी कय्यूम की ओर से दर्ज कराई प्राथमिकी में कहा है कि उसकी पत्नी मुस्कान गर्भवती थी। 13 जुलाई 2025 को सुबह करीब साढ़े चार बजे मुस्कान को प्रसव पीड़ा हुई। वह सहसवान सरकारी अस्पताल लेकर आए। अस्पताल के बाहर डॉ सौरभ मिले और वह बहला फुसलाकर उन लोगों को मोहल्ला मिर्धा टोला स्थित सिटी हेल्थ केयर अस्पताल ले गए। सुरक्षित प्रसव की बात कहते हुए अस्पताल संचालकों ने उनसे 20 हजार रुपए जमा करा लिए। डॉ सौरभ, डॉ शादमा और एक अन्य व्यक्ति ने मुस्कान की जांच शुरू कर दी। आरोप है कि चिकित्सकों की लापरवाही के चलते प्रसव होते ही शिशु की मृत्यु हो गई। कुछ ही देर में मुस्कान की भी हालत बिगड़ने लगी और थोड़ी देर बाद उसकी भी मृत्यु हो गई। यह देख अस्पताल संचालकों ने भागने का प्रयास किया लेकिन उन्होंने डॉ सौरभ और डॉ शादमा को पकड़ कर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम कराया लेकिन प्राथमिकी दर्ज नहीं की। अब न्यायालय के आदेश पर डॉ सौरभ, डॉ शादमा और एक अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
संवाददाता डाo राशिद अली खान सहसवान बदायूं।