सपा के किसी भी जिलाध्यक्ष का नहीं हुआ कभी भी इतना खुलकर विरोध
आरोप: पार्टी के लोकसभा में मुख्य सचेतक धर्मेन्द्र यादव के कार्यक्रम से भी दूर रहे थे जिलाध्यक्ष

बदायूं। समाजवादी पार्टी के प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम संविधान मान स्तंभ दिवस के वर्षगांठ के अवसर पर पूरे प्रदेश में राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देशानुसार जनपद मुख्यालय पर कार्यक्रम आयोजित किए जाने थे। इसी क्रम में बदायूं में भी कार्यक्रम आयोजित होना था जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल बदायूं आए थे।
विश्वस्त सूत्रों से पता चला है कि गत रात्रि सपा के प्रभावशाली गुट के सभी नेता उनसे मिले और जिलाध्यक्ष की पार्टी विरोधी गतिविधियों से अवगत कराते हुए इस कार्यक्रम में सम्मिलित होने से मना कर दिया। विरोधी गुट ने प्रदेश अध्यक्ष को अवगत कराया कि गत दिनों सपा के लोकसभा में मुख्य सचेतक और आजमगढ़ से सांसद धर्मेन्द्र यादव बदायूं के दो दिवसीय दौरे पर आए थे उस समय जिलाध्यक्ष पार्टी प्रोटोकॉल के नाते भी उनके साथ नहीं रहे और यह भी पता चला कि उन्होंने अपने समर्थकों से उनके कार्यक्रमों से दूरी बनाने के भी निर्देश दिए थे।
सूत्रों ने यह भी बताया कि समाजवादी पार्टी का जबसे गठन हुआ है तब से यह इतिहास है कि यहां के किसी भी जिलाध्यक्ष का इस स्तर पर कभी भी खुलकर विरोध नहीं हुआ था। पार्टी के प्रभावशाली नेताओं को आरोप है कि जिलाध्यक्ष ने हर जगह पार्टी को कमजोर करने वाले लोगों को पदीय दायित्व सौंप रखा है और वे विपक्षी पार्टी से सांठगांठ कर पार्टी को लगातार कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं।
सूत्रों ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल को पार्टी नेताओं ने अपना विरोध जताते हुए कहा कि वे ऐसे किसी भी कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे जिसे पार्टी को कमजोर करने वाली ताकतें आयोजित कर रही हों। वहीं सूत्रों ने यह भी बताया कि यह संविधान मान स्तंभ कार्यक्रम का आयोजन जिला मुख्यालय पर आयोजित होना था किन्तु मुख्यालय पर किसी भी जगह का चुनाव करने में आयोजनकर्ता नाकाम रहे। इसीलिए इस कार्यक्रम को शेखूपुर विधानसभा स्थित पूनम लॉन में आयोजित किया गया।
वहीं दूसरे पक्ष के लोगों का कहना है कि यह कार्यक्रम वृहद स्तर पर किया जाना था और पूरे जनपद से कार्यकर्ताओं व आम जनता को जुटाना था, लेकिन आयोजनकर्ता उपयुक्त भीड़ जुटाने में नाकाम रहे जिस कारण कार्यक्रम का स्थल भी बाद में छोटा कर दिया गया।
प्रदेश अध्यक्ष से मिलकर अपना विरोध जताने वालों में पूर्व मंत्री/विधायक एवं पार्टी के राष्ट्रीय सचिव आबिद रजा, पूर्व विधायक एवं पूर्व जिलाध्यक्ष प्रेमपाल सिंह यादव, पूर्व विधायक हाजी बिट्टन अली, वरिष्ठ नेता नरेश प्रताप सिंह, जिला पंचायत सदस्य सुनील यादव, पूर्व ब्लॉक प्रमुख अवनीश कुमार सिंह, सभासद अनवर आलम, नगर अध्यक्ष फरहत अली, पूर्व ब्लॉक प्रमुख सर्वेश यादव, जिलाध्यक्ष पिछड़ा वर्ग नत्थूराम कश्यप, प्रदेश सचिव अल्पसंख्यक सभा मोतशाम सिद्दीकी, प्रदेश उपाध्यक्ष मुलायम सिंह यूथ ब्रिगेड स्वाले चौधरी, प्रदेश उपाध्यक्ष/पूर्व जिलाध्यक्ष युवजन सभा भानु यादव, पूर्व जिला सचिव सोमेन्द्र सिंह यादव, पूर्व जिला उपाध्यक्ष शशांक यादव, प्रदेश सचिव/पूर्व जिलाध्यक्ष समाजवादी अधिवक्ता सभा सतेन्द्र पाल, पूर्व जिलाध्यक्ष मोहम्मद मियां, राष्ट्रीय सचिव यूथ ब्रिगेड अली अल्वी, उपदेश गुर्जर, संजीव कुमार यादव, जितेन्द्र यादव, ओमवीर यादव, अखिलेश यादव, मूवीन फरीदी, विवेक मोहन पाल, प्रेम प्रकाश सहित पार्टी अनेकों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल रहे।
Budaun Amarprabhat