मदर्स पब्लिक स्कूल बदायूं में हर्षोल्लास से मनाया गया दशहरा पर्व।
मदर्स पब्लिक स्कूल बदायूं में आज बड़े उत्साह और धूमधाम से दशहरा का उत्सव मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रार्थना सभा से हुई, जिसके बाद विद्यार्थियों ने रामायण से जुड़े प्रसंगों पर आकर्षक नाट्य मंचन प्रस्तुत किया। बच्चों ने भगवान श्रीराम, लक्ष्मण, सीता और रावण के पात्रों को जीवंत कर दिया।
विद्यालय परिसर में रावण, मेघनाथ और कुंभकर्ण के पुतले बनाए गए, जिन्हें प्रतीकात्मक रूप से अग्नि देकर बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश दिया गया। इस अवसर पर स्कूल की प्रधानाचार्या श्रीमती शीबा खान ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि दशहरा का पर्व हमें यह प्रेरणा देता है कि बुराई कितनी भी शक्तिशाली क्यों न हो, उसका अंत निश्चित है। रावण अत्यंत विद्वान और सामर्थ्यवान था, लेकिन उसके भीतर अहंकार और अधर्म था। इसी कारण अंततः भगवान श्रीराम ने उसका वध कर सत्य और धर्म की स्थापना की।
विद्यार्थियों, यह पर्व हमें यह शिक्षा देता है कि हमें सदैव सत्य, ईमानदारी और अच्छे आचरण का पालन करना चाहिए। यदि हम अपने जीवन से आलस्य, अहंकार, असत्य और अनुशासनहीनता जैसे दोषों को दूर करें, तो हम भी अपने भीतर की बुराइयों पर विजय प्राप्त कर सकते हैं।
आप सब भविष्य के निर्माणकर्ता हैं। आपसे अपेक्षा है कि आप कठिनाइयों से घबराएँ नहीं, बल्कि साहस और सदाचार के
साथ उनका सामना करें। याद रखिए — विजय हमेशा सत्य और सद्गुणों की होती है।कार्यक्रम के अंत में उप प्रधानाचार्या डॉ. दीपशिखा पंत ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए दशहरा पर्व की बधाई दी और बताया कि बुराई कितनी भी बड़ी क्यों न हो , अंततः सत्य और धर्म की ही जीत होती है। इस अवसर पर समस्त स्टॉफ उपस्थित रहा।
Budaun Amarprabhat