बिसौली, बदायूं। उ०५० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार तथा माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं के मार्गदर्शन में, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं द्वारा दिनांक 10.11.2025 को सरस्वती विद्या मन्दिर इण्टर कॉलेज, बिसौली में विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ श्रीमती शिव कुमारी, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश / सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं द्वारा माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने विभिन्न सामाजिक और कानूनी मुद्दों पर आधारित नाटक प्रस्तुत किए। इसके अतिरिक्त विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने माँ सरस्वती वंदना एवं स्वागत गीत की प्रस्तुतियाँ देकर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।
शिविर में वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें प्रथम स्थान पर कुमारी आस्था शर्मा एवं गोपाल शर्मा, द्वितीय स्थान पर कुमारी वेदान्शी एवं चिराग वाष्णेय रहे। पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता में कुमारी खुशी को सर्वश्रेष्ठ छात्रा का प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान श्रीमती शिव कुमारी ने उपस्थित छात्र-छात्राओं को इंटरनेट और सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग करने की प्रेरणा दी। उन्होंने अश्लील सामग्री से दूर रहने, अच्छी शिक्षा ग्रहण करने, और पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने के महत्व पर जोर दिया। साथ ही, महिलाओं के मौलिक अधिकारों, कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न अधिनियम, पॉक्सो एक्ट, निःशुल्क विधिक सहायता अधिनियम 1987 की धारा 12, गुड टच-बैड टच, तथा स्त्री-पुरुष समानता और महिलाओं की सुरक्षा से संबंधित कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी।
अध्यक्ष ने छात्रों से अपील की कि आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत (दिनांक 13.12.2025) में प्री-लिटिगेशन स्तर पर आपसी सुलह और समझौते के माध्यम से अपने वादों का निस्तारण कर सकें।
कार्यक्रम का संचालन श्री रविकांत पाण्डे ने किया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री संजीव कुमार यादव, शिक्षकगण, एल०ए०डी०सी०/जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के स्टाफ, जिला प्रोबेशन कार्यालय की श्रीमती छवि वैश्य, तथा अन्य स्वयंसेवक उपस्थित रहे।
शिविर का समापन अध्यक्ष की अनुमति से किया गया, और यह विद्यार्थियों के लिए विधिक जागरूकता का एक यादगार एवं शिक्षाप्रद अनुभव साबित हुआ।
Budaun Amarprabhat