संवाददाता — बदायूं
बदायूं। पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश पर संचालित #OperationConviction अभियान के तहत बदायूं पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। प्रभावी और समयबद्ध पैरवी के परिणामस्वरूप दुष्कर्म के अभियुक्त को माननीय न्यायालय द्वारा 10 वर्ष के सश्रम कारावास तथा कुल 35,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है।
थाना दातागंज में पंजीकृत मुकदमा संख्या 0038/2021, धारा 376/452/506 भादवि एवं 3(2) SC/ST Act में नामजद अभियुक्त जाने अली उर्फ़ जाने आलम पुत्र आक़िन अली निवासी ग्राम दियुनी थाना दातागंज की विवेचना क्षेत्राधिकारी ए.पी. भारद्वाज द्वारा पूर्ण कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया था।
इस महत्वपूर्ण प्रकरण को ऑपरेशन कन्विक्शन के अंतर्गत चिन्हित करते हुए अभियोजन विभाग से घनिष्ठ समन्वय स्थापित कर मॉनिटरिंग सेल बदायूं तथा पैरोकार कांस्टेबल मोनू बालियान (थाना दातागंज) द्वारा माननीय विशेष न्यायाधीश SC/ST Act, बदायूं की अदालत में सशक्त पैरवी की गई। निरंतर फॉलोअप और प्रभावी कानूनी प्रयासों से अभियोजन पक्ष गंभीर अपराध को सिद्ध करने में सफल रहा।
आज 21 नवंबर 2025 को माननीय विशेष न्यायाधीश SC/ST Act, बदायूं ने अपना फैसला सुनाते हुए—
धारा 376 भादवि में 10 वर्ष सश्रम कारावास व ₹25,000 अर्थदंड,
धारा 452 भादवि में 7 वर्ष कारावास व ₹10,000 अर्थदंड,
की सज़ा सुनाई। अर्थदंड न देने की स्थिति में अभियुक्त को 2 वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
धारा 506 भादवि एवं 3(2) SC/ST Act में अभियुक्त को दोषमुक्त किया गया।
इस सफलता में पैरोकार कांस्टेबल मोनू बालियान, लोक अभियोजक जितेंद्र कुमार (ADGC), एश्वर्य कुमार राजपूत (ADGC) तथा विवेचक क्षेत्राधिकारी ए.पी. भारद्वाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिसकी पुलिस विभाग द्वारा सराहना की गई है।
बदायूं पुलिस का यह प्रयास पीड़ितों को न्याय दिलाने की दिशा में उल्लेखनीय माना जा रहा है।
Budaun Amarprabhat