संवाददाता : गोविंद देवल
बदायूं।
काशी समाज शिक्षा विकास संस्थान, बदायूं द्वारा जिला बाल संरक्षण इकाई के सहयोग से 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत व्यापक जागरूकता बैठक का आयोजन यू–टी–पी बदायूं में किया गया। बैठक का शुभारंभ मुख्य अतिथि जिला प्रोवेशन अधिकारी ने मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया।
संस्था की सचिव मीना सिंह ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्था द्वारा बाल विवाह मुक्त भारत अभियान एवं अन्य सामाजिक कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। इसके बाद प्रोग्राम मेजर गंगा सिंह ने जनपद में हुए फील्ड कार्यों की रिपोर्ट साझा की।
बैठक में बाल संरक्षण अधिकारी रवि कुमार ने रानी लक्ष्मीबाई योजना, कन्या सुमंगला योजना तथा स्पॉन्सरशिप योजनाओं के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।
चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के जिला समन्वयक कमल शर्मा ने टोल–फ्री नंबर की उपयोगिता और बच्चों को मिलने वाली त्वरित सहायता सेवाओं पर प्रकाश डाला।
वन स्टॉप सेंटर की सेंटर मैनेजर प्रतिक्षा मिश्रा ने महिलाओं पर होने वाले उत्पीड़न और उपलब्ध सहायता सेवाओं की जानकारी दी।
जिला पिछड़ा कल्याण विभाग से प्रेडव पाठक और मत्स्य विभाग के उपनिदेशक अमित कुमार शुक्ला ने विभागीय योजनाओं का विवरण प्रस्तुत किया तथा मछुआरों के लिए संचालित मछली पालन योजनाओं की जानकारी दी।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष नन्द किशोर पाठक ने कहा कि देश के बच्चे राष्ट्र के कर्णधार हैं, इसलिए असहाय एवं अभिभावकहीन बच्चों को सरकारी योजनाओं से जोड़ना हम सबकी जिम्मेदारी है।
मुख्य अतिथि जिला प्रोवेशन अधिकारी ने कहा कि बाल विवाह सामाजिक कुरीति है और इसे खत्म करना सभी का कर्तव्य है। उन्होंने जनपद को बाल विवाह मुक्त बनाने के लिए सामूहिक प्रयास का आह्वान किया।
काउंसलर चेतना ने पीड़ित बच्चों से जुड़े मामलों पर जानकारी दी। बैठक के अंत में संस्था समन्वयक देवेन्द्र पाल ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए उपस्थित जनों से बाल विवाह न करने की शपथ दिलाई।
बैठक में CSW टीम और संस्था का समस्त स्टाफ मौजूद रहा।
Budaun Amarprabhat