संवाददाता : गोविंद देवल
बदायूं। ओम नमः शिवाय डॉ. वी.पी. सिंह सोलंकी इंटर कॉलेज रोहान में आयोजित त्रिदिवसीय स्काउट प्रशिक्षण शिविर का समापन रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों एवं पुरस्कार वितरण के साथ भव्य रूप से संपन्न हुआ। शिविर के दौरान स्काउट-गाइड छात्रों ने सुसज्जित तंबुओं का आकर्षक शहर बसाकर आत्मनिर्भरता, अनुशासन और नेतृत्व क्षमता का जीवंत प्रदर्शन किया।
समापन समारोह के मुख्य अतिथि भारत स्काउट एवं गाइड संस्था के पूर्व जिला मुख्यायुक्त डॉ. वी.पी. सिंह सोलंकी ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि दृढ़ इच्छाशक्ति, निरंतर परिश्रम और अनुशासन के बल पर ही जीवन में ऊंचाइयों को छुआ जा सकता है। लक्ष्य के प्रति समर्पित युवा किसी भी बाधा को पार करने की क्षमता रखते हैं।
विद्यालय के प्रधानाचार्य राजवीर सिंह सोलंकी ने युवाओं को राष्ट्र की सबसे बड़ी पूंजी बताते हुए कहा कि संकल्पशील युवा इतिहास रचने की शक्ति रखते हैं। देशभक्ति, सकारात्मक सोच और सेवा भाव से ही समाज और राष्ट्र को सशक्त बनाया जा सकता है।
पूर्व जिला ट्रेनिंग कमिश्नर संजीव कुमार शर्मा ने कहा कि युवा राष्ट्र के भाग्य विधाता और भविष्य के शिल्पकार हैं। स्काउट-गाइड प्रशिक्षण युवाओं को सही दिशा देकर उन्हें उद्देश्यपूर्ण, चरित्रवान और समाजोपयोगी नागरिक बनाता है।
प्रतियोगिताओं के परिणाम इस प्रकार रहे—
गाइड जूनियर वर्ग में मणिकर्णिका कंपनी प्रथम, राधा कंपनी द्वितीय तथा मां सरस्वती कंपनी तृतीय स्थान पर रही।
स्काउट वर्ग में पृथ्वीराज चौहान टोली ने प्रथम तथा सरदार भगत सिंह टोली ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया।
गाइड सीनियर वर्ग में भारत माता कंपनी प्रथम, रानी लक्ष्मीबाई कंपनी द्वितीय एवं राधा कृष्ण कंपनी तृतीय स्थान पर रही।
वहीं स्काउट सीनियर वर्ग में ओम नमः शिवाय टोली प्रथम, वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप द्वितीय तथा बजरंग दल टोली तृतीय स्थान पर रही।
विजेता टोलियों को मुख्य अतिथि डॉ. वी.पी. सिंह सोलंकी एवं प्रधानाचार्य राजवीर सिंह सोलंकी द्वारा प्रतीक चिन्ह एवं प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
निर्णायक मंडल में वरिष्ठ शिक्षक रूपेंद्र पटेल, वीर बहादुर सिंह, रितु शर्मा, पूनम पटेल, सुरभि चौहान, दुष्यंत कुमार एवं निशा श्रीवास्तव शामिल रहीं।
कार्यक्रम में राधा कश्यप, नैंसी चौहान, अजय शाक्य, अवधेश कुमार, राजेश कुमार सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
Budaun Amarprabhat