Breaking News

गुधनी में आर्य यज्ञ मंदिर में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया ऋषि बोधोत्सव

Spread the love

संवाददाता गोविन्द देवल
बिल्सी। तहसील क्षेत्र के गांव गुधनी स्थित आर्य यज्ञ मंदिर में रविवार की शाम ऋषि बोधोत्सव पर्व बड़े श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विधि-विधान से यज्ञ संपन्न कराया गया और महर्षि दयानंद सरस्वती के जीवन एवं उनके समाज सुधार कार्यों पर प्रकाश डाला गया।
अंतरराष्ट्रीय वैदिक विद्वान आचार्य संजीव रूप ने कार्यक्रम में बताया कि शिवरात्रि के दिन बालक मूलशंकर के जीवन में घटी एक घटना ने उनकी जीवन दिशा बदल दी। उन्होंने कहा कि शिवलिंग पर चढ़ाए गए प्रसाद को चूहों द्वारा खाते देख, मूलशंकर के मन में प्रश्न उठे और यहीं से उन्हें सच्चे ईश्वर की खोज का बोध हुआ। आगे चलकर उन्होंने आर्य समाज की स्थापना कर समाज में फैली कुरीतियों जैसे बाल विवाह, जातिवाद, छुआछूत, मूर्ति पूजा और अवतारवाद के खिलाफ आंदोलन चलाया।
कार्यक्रम में प्रश्रय आर्य ने भजन प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। इस दौरान कौशकी रानी, संतोष कुमारी, राकेश आर्य, बद्री प्रसाद आर्य, सुखवीर सिंह, छाया रानी और अनिल कुमार सक्सेना सहित कई अन्य लोग उपस्थित रहे।
यह आयोजन स्थानीय लोगों में धार्मिक जागरूकता और सामाजिक सुधार के प्रति प्रेरणा का स्रोत बना।


Spread the love

About Govind Deval

Check Also

23 अफसरों पर गिरी गाज, 300 से ज्यादा शिकायतों का फर्जी निस्तारण उजागर

Spread the loveसड़क मरम्मत, सीवर और हाउस टैक्स मामलों में बड़ा खेल; दो दिन में …

error: Content is protected !!