बिसौली। नगर के संजय कुमार अग्रवाल द्वारा श्री राम नाम लेखन अकेले ही वर्ष 2005 से प्रारंभ किया था। जो आज श्री राम में श्रद्धा रखने वाले लाखों लोगों द्वारा श्री राम नाम लेखन का 24 करोड़ से भी अधिक लेखन कार्य हो चुका है। एवं वर्तमान में सैकड़ो धर्म प्रेमी स्थानीय एवं आसपास के क्षेत्र के इस पवित्र सेवा कार्य में राम नाम लेखन कर रहे हैं।राम नाम लेखन की पुस्तक संजय अग्रवाल द्वारा उपलब्ध कराई जाती है। पुस्तक में भक्त लोग अपने इष्ट का नाम लिख रहे हैं, देश के कई स्थानों पर राम नाम बैंक स्थापित है। जहां राम नाम धन एकत्र होता है। श्री राम नाम स्तंभ ऋषिकेश परमार्थ आश्रम में बनाया गया है, जिसमें 31अरब श्री राम नाम धन रखा है। शुक्रताल में 700 करोड़ श्री राम नाम धन विशाल हनुमान जी की मूर्ति में रखा है। संजय अग्रवाल श्री अंतरराष्ट्रीय सीताराम बैंक अयोध्या एवं श्री राम नाम विश्व बैंक हरिद्वार में राम नाम धन जमा करते हैं। वहां से राम नाम धन की पासबुक भी प्राप्त है। जो भक्ति कमजोर है, वृद्ध है, मंदिर नहीं जा सकते उन्हें राम नाम लेखन पुस्तक एक पवित्र तीर्थ के समान है, वह घर में ही सुविधा अनुसार राम नाम लेखन करके बेहद आनंदित और प्रसन्न होते हैं। श्री राम नाम लेखन पत्रको का एक विशाल श्री राम नाम कोष जिसमें 56 लाख श्री राम नाम 2600 पत्रको में लिखा हुआ है, एक वृहद पुस्तिका श्री राम नाम मानस के रूप में संजय अग्रवाल द्वारा बनाई गई है। जिसमें गोस्वामी तुलसीदास जी के रामचरितमानस के प्रसंग से संबंधित चित्रों को जोड़ा गया है। बिसौली नगर के विभिन्न मंदिरों में दर्शन पूजन एवं परिक्रमा हेतु उसे रखा गया, श्रद्धालु लोग दर्शन पूजन कर लाभ प्राप्त कर रहे हैं। श्री राम नाम लेखन की एक परम पवित्र पुस्तिका है इतनी विशाल श्री राम नाम संग्रह पुस्तिका जिसमें 56 लाख राम नाम प्रभु प्रेमियों द्वारा अंकित किए गए हैं। निरंतर चल रहे इस प्रयास से नगर एवं आसपास क्षेत्र का वातावरण पवित्र हो रहा है। आप सबसे भी अनुरोध है, कि आप सब श्री राम नाम लेखन करें, जिस तरह से बोया गया बीज समय आने पर फल दायक वृक्ष बनकर लाभान्वित करता है। ठीक उसी तरह हमारे द्वारा राम नाम लेखन समय आने पर निश्चित रूप से परम कल्याण दायक लाभ प्रदान करता है ऐसा विश्वास है। राम नाम के दो अक्षर में सब सुख शांति समlई है लिखो रे भाई जपो रे भाई राम नाम सुखदाई है।
Budaun Amarprabhat