Breaking News

अंताक्षरी प्रतियोगिता में अव्वल रही पार्श्वनाथ टीम

Spread the love

अंताक्षरी प्रतियोगिता में अव्वल रही पार्श्वनाथ टीम

पर्युषण पर्व का आठवां दिन उत्तम त्याग धर्म के रूप में मनाया

बिल्सी। मोहल्ला संख्या दो स्थित श्री चंद्रप्रभु दिगंबर जैन मंदिर में मनाए जा रहे पर्युषण पर्व का आठवां दिन बृहस्पतिवार को यहां उत्तम त्याग धर्म के रूप में मनाया गया। पहले जैन श्रावकों द्वारा जिनेंद्र भगवान का मंगल जलाभिषेक शांति धारा व विधि विधान से पूजा पाठ की। प्रवचन दे रहे निखिल जैन ने कहा कि उत्तम त्याग धर्म में सच्चे मन से कषाय और मिथ्यात्व का त्याग करना उत्तम त्याग धर्म है। आत्म शुद्धि के उद्देश्य से क्रोध, मान, माया और लोभ आदि विकारी भावों को छोड़ना तथा स्व और पर के उपकार की दृष्टि से अपने उपभोग के धन-धान्य आदि पदार्थों का सुपात्र को दान करना भी त्याग धर्म है उन्होंने कहा कि उत्तम त्याग कह्यो जग सारा, औषध शास्त्र अभय आहारा अथार्थ जो वस्तु अपनी नहीं है, उसमें ‘मेरा’पना छोड़ना, त्याग कहलाता है। इसी क्रम में कार्यक्रम प्रभारी प्रशान्त जैन व संचालक नीरेश जैन के निर्देशन में धार्मिक अंताक्षरी प्रतियोगिता आयोजित की गई। जिसमें आदिनाथ टीम, पार्श्वनाथ टीम और महावीर टीम ने प्रतिभाग किया। निर्णायक मंडल द्वारा पार्श्वनाथ टीम को प्रथम, आदिनाथ टीम ने उत्तम स्थान प्राप्त किया। इससे पूर्व यहां आचार्य मांगतुंग द्वारा रचित भक्तांवर पाठ का आयोजन ममता जैन के निर्देशन में सम्पन्न किया गया। उसके बाद 48 दीपों से भगवान जिनेंद्र की सामूहिक मंगल आरती की गई। इस मौके पर मृगांक कुमार जैन, अनिल जैन, मयंक जैन, संभव जैन, लकी जैन, अनंत जैन, इंदु जैन, मोना जैन, स्वीटी जैन, दिव्या जैन, सीमा जैन, रीना जैन, मान्या जैन, इंदु जैन, सीतू जैन, आरती जैन आदि मौजूद रही।


Spread the love

About Govind Deval

Check Also

टीएमयू में दीक्षारंभ 2025 के समापन सत्र में समझाई छात्रों को यूनिवर्सिटी की रीति-नीति

Spread the love तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी में यूजीसी एवम् केन्द्र सरकार के शिक्षा मंत्रालय के …