संवाददाता — गोविंद देवल
बदायूँ। के. बी. हिंदी सेवा न्यास (पंजी.) द्वारा 19 नवंबर को ‘कुंडलिया दिवस’ के अवसर पर काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता हरस्वरूप शर्मा ने की, जबकि संचालन न्यास के सहसचिव विजय कुमार सक्सेना ‘विजय’ ने किया।
शुभारम्भ अध्यक्ष डॉ. सतीश चन्द्र शर्मा ‘सुधांशु’ और मंचासीन अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन तथा वाणी वंदना से हुआ।
गोष्ठी में कवियों ने विविध विषयों पर अपने काव्य पाठ प्रस्तुत किए। प्रमुख कवि और उनके काव्य इस प्रकार रहे—
अशोक कुमार दुबे ‘अशोक’ ने पुलवामा आतंकी हमले पर कविता प्रस्तुत की, जिसमें वीर सैनिकों के बलिदान को सलाम किया गया।
श्रीपाल शर्मा ‘शमन’ ने प्रभु और मानव जीवन पर ध्यान केंद्रित करते हुए काव्य पाठ किया।
डॉ. सतीश चन्द्र शर्मा ‘सुधांशु’ ने छब्बे और दूबे की प्रेरक कहानी पर आधारित कविता सुनाई।
रमेश चन्द्र मिश्रा ‘सहज’ ने कुंडलियों के चित्र और दिवस की महिमा पर कविता प्रस्तुत की।
विजय कुमार सक्सेना ‘विजय’ ने कोरोना काल में सामाजिक दूरी और स्वास्थ्य सुरक्षा पर काव्य पाठ किया।
राजीव कुमार उपाध्याय ने विचार और सोच की उन्नति के महत्व पर कविता सुनाई।
इसके अतिरिक्त हरस्वरूप शर्मा, रुद्रांश वत्सभार्गव, भक्ति शर्मा सहित कई कवियों ने भी स्वरचित काव्य प्रस्तुत किया।
न्यास अध्यक्ष डॉ. सतीश चन्द्र शर्मा ‘सुधांशु’ ने सभी कवियों को स्वरचित कुंडलिया संग्रह ‘सबसे कहें कबीर’ की प्रति और अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया।
अध्यक्षीय उद्बोधन के पश्चात गोष्ठी का समापन हुआ और सहसचिव विजय कुमार सक्सेना ने सभी उपस्थितों का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में आशुतोष शर्मा, कुसुम लता सहित अनेक साहित्य प्रेमी उपस्थित रहे।
Budaun Amarprabhat