संवाददाता: काजल मिश्रा
ब्लॉट कांट क्षेत्र की ग्राम पंचायत जमुनिया दौलतपुर में सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। गांव में तैनात सफाई कर्मचारी द्वारा नियमित सफाई न किए जाने से नालियां गंदगी से पटी हुई हैं और जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। इससे गांव में दुर्गंध फैल रही है और संक्रामक बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि सफाई कर्मचारी न तो समय से गांव पहुंचता है और न ही जिम्मेदारी से कार्य करता है। जब कभी आता भी है तो औपचारिक सफाई कर वापस चला जाता है। नालियों की लंबे समय से ढंग से सफाई नहीं होने के कारण बरसात के मौसम में जलभराव की स्थिति बन जाती है, जिससे रास्तों पर कीचड़ फैल जाता है और आवागमन बाधित हो जाता है।
गांव के निवासी शरीक मियां, आमिर खान, प्रेमचंद्र, धर्मपाल, अश्विनी, सलमान, पप्पू, जिशान, राजा, बलिजान, सकलैन, जिलानी आज़ाद और बबलू सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत और संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। शिकायतों के बावजूद न तो सफाई कर्मचारी पर कार्रवाई की गई और न ही व्यवस्था में कोई सुधार देखने को मिला।
ग्रामीणों का कहना है कि गंदगी के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है। सबसे अधिक परेशानी बच्चों और बुजुर्गों को हो रही है। बदबू के कारण लोगों का घरों में रहना तक दूभर हो गया है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सफाई कर्मचारी की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराई जाए, नालियों की तत्काल सफाई कराई जाए और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
अब देखना यह है कि प्रशासन इस गंभीर समस्या पर कब तक संज्ञान लेता है और ग्राम पंचायत जमुनिया दौलतपुर को स्वच्छ बनाने के लिए क्या ठोस कदम उठाता है।
Budaun Amarprabhat