
बागपत। उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में इंसानियत और फौजी भाईचारे की मिसाल देखने को मिली। यहां 21 जाट रेजिमेंट के जवानों ने एक सेवानिवृत्त हवलदार की बेटी की शादी में पिता का फर्ज निभाते हुए कन्यादान से लेकर विदाई तक की सभी जिम्मेदारियां निभाईं।
बताया जाता है कि लड़की के पिता, जो सेना में हवलदार के पद से सेवानिवृत्त हुए थे, उनकी कुछ समय पहले एक सड़क हादसे में मौत हो गई थी। पिता के निधन के बाद परिवार पर बेटी की शादी की जिम्मेदारी आ गई। ऐसे में 21 जाट रेजिमेंट के जवान आगे आए और उन्होंने शादी की पूरी व्यवस्था संभाल ली।
रेजिमेंट के जवानों ने बेटी की शादी में आर्थिक सहयोग के साथ-साथ कन्यादान की रस्म भी निभाई और विदाई तक परिवार के साथ खड़े रहे। शादी समारोह में मौजूद लोगों ने जवानों के इस कदम की सराहना करते हुए इसे फौजी परिवार की एकता और संवेदनशीलता की मिसाल बताया।
रेजिमेंट के जवानों ने कहा कि सेना में साथ सेवा करने वाले साथी का परिवार भी उनका अपना परिवार होता है। ऐसे में जरूरत पड़ने पर साथ खड़ा होना उनका कर्तव्य है। इस पहल से न केवल परिवार को सहारा मिला, बल्कि समाज में भी एक सकारात्मक संदेश गया।
Budaun Amarprabhat