सदमा किया न अश्क बहाए हुसैन ने, हीरे तमाम घर के लुटाए हुसैन के
बिल्सी के गांव में हुआ मुशायरा
बिल्सी। तहसील क्षेत्र के गांव खैरी में शनिवार की रात गुज़िश्ता शब इमाम हुसैन रहमतुल्लाह अलैह
की याद में एक मुशायरा आयोजित किया गया। जिसकी सदारत गौसिया मस्जिद के इमाम हाफ़िज़ व क़ारी आ़रिफ साहब ने और निज़ामत सादिक़ अलापुरी ने की।
ग़ुबार सहसवानी ने फरमाया-
शहर ए तैबा के नज़ारे इसक़र भाए मुझे
अब ये ह़सरत है यहीं पर मोत आजाए तुझे
क़ासिम खैरवी ने कुछ यूं कहा-
शक़ी यज़ीद से उनका मुवाज़ना किया है
के ये ज़मीं भी नहीं और आसमां हैं हुसैन
सादिक़ अलापुरी ने अर्ज़ किया-
सदमा किया न अश्क बहाए हुसैन ने
हीरे तमाम घर के लुटाए हुसैन के
अहमद अमजदी ने कहा-
अब भी बहुत हैं जान लुटाने के वास्ते
ये मत समझ ना अब कोई शब्बीर नहीं है
अज़हर सहसवानी ने पेश किया-
जो मेरा रिश्ता है नाना से नभाया जाएगा
जान जाती है तो जाए दीं बचाया जाएगा .
अम्बर बदायूं सुनाया-
उनके बेटों की अगर प्यास बुझाता पानी
गरमिए ह़शर में कौसर से नहाता पानी
साक़िब बदायूंनी ने भी अपना कलाम पेश किया। इस मौके पर अब्दुल समद, डा.फ़ैज़ान, मुहम्मद सईद शबलू, साबिर प्रधान, अहमद अख्तर, अरशद खां, इस्माईल, चमन, सलीम खां, रिफ़ाक़त अली, उवेस शाहान खान, डा.आमिर, कदीम खां आदि मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat