*गोरखपुर में हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन संपन्न*
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*लखनऊ/गोरखपुर*। हिन्दू संगठनों में समन्वय स्थापित करके उन्हे एकजुट कर हिन्दू ईकोसिस्टम निर्माण करने के उद्देश्य से यहां के रुस्तमपुर स्थित मधुर शहनाई सभागृह में हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन का आयोजन भव्य रूप से संपन्न हुआ। अधिवेशन आयोजन समिति गोरखपुर एवं हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा आयोजित इस अधिवेशन में जिले के 155 से अधिक हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों के प्रतिनिधि, अधिवक्ता एवं प्रबुद्धजनों एवं विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े प्रमुख व्यक्तित्व सहभागी हुए ।
होली हो या बकरीद, आज हिन्दूओ पर होनेवाले आक्रमणों की संख्या दिन– प्रतिदिन बढ़ रही है। इसलिए हिन्दू समाज को स्वरक्षा के लिए आत्मनिर्भर होना होगा। इस लिए ‘हर घर योद्धा’ अभियान का आयोजन करके निःशुल्क स्वरक्षा प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने का भी निश्चित हुआ। हिन्दू राष्ट्र संपर्क अभियान करके नए हिन्दू संगठनों को संपर्क करना, मंदिरों को संगठित करने हेतु मंदिर न्यासियों से संपर्क अभियान करना एवं स्थानीय हिन्दू संगठन मजबूत करने का तय हुआ।
भारत के संविधान से सेक्युलर शब्द हटाया जाए, केंद्र सरकार संपूर्ण देश में ‘गोवंश हत्या प्रतिबंधक’ और ‘धर्मांतर प्रतिबंधक’ कानून पारित करें, भारत के सभी मंदिरों का सरकारीकरण निरस्त कर मंदिर भक्तों को सौंपे जाए आदि हिन्दू हित में अनेक प्रस्ताव अधिवेशन में पारित किए गए।
अधिवेशन में हिन्दू राष्ट्र की आवश्यकता, कॉर्पोरेट एवं लव जिहाद का प्रतिकार, हिन्दू विरोधी नरेटिव का प्रतिवाद, संविधान में सेक्युलरिज्म का दुरुपयोग एवं सुधार, मंदिरों को सरकारीकरण से मुक्त करने का अभियान, अधिवक्ता संगठन, उपासना का बल कैसे बढाएं इत्यादि विषयों पर विचारमंथन किया गया ।
भारतविरोधी विचारधारा के लोगों की इकोसिस्टम का प्रतिकार करने के लिए हिन्दूवादी एवं राष्ट्रभक्त अधिवक्ताओं का संगठन आवश्यक है । इसलिए गोरखपुर में अधिवक्ता सम्मेलन, संगोष्ठियों का आयोजन निश्चित हुआ । हिन्दू संगठनों के लिए आवश्यक कानूनी प्रशिक्षण देकर उन्हे धर्मकार्य के लिए सक्षम करने का भी निश्चित हुआ।
अधिवेशन में धर्मशिक्षा से संबंधित फलक प्रदर्शनियों, धर्म, अध्यात्म, आयुर्वेद एवं राष्ट्ररक्षा विषयक ग्रंथों की प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसे बहुत अच्छा प्रतिसाद मिला। अधिवेशन के सफल आयोजन में अधिवक्ता शेषनारायण पांडे, अधिवक्ता लक्ष्मी शंकर शुक्ला, अधिवक्ता शैलेन्द्र बहादुर सिंह, अधिवक्ता आशुतोष पांडे सहित अनेक कार्यकर्ताओं का विशेष योगदान रहा।
Budaun Amarprabhat