तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के सेंटर फॉर टीचिंग, लर्निंग एंड डवलपमेंट- सीटीएलडी की बी हार्ड, बी रेस्पेक्टिड, बी ए लीडर थीम पर इंटर-स्कूल प्रतिस्पर्धा में 355 स्टुडेंट्स ने की शिरकत
ख़ास बातें
टीएमआईएमटी की जूही पांडे द्वितीय और एग्रीकल्चर की हरिका तृतीय
एग्रीकल्चर की आराध्य बेस्ट स्पीकर, लॉ की समृद्धि रही बेेस्ट रिबटल
आत्मविश्वास और स्पष्टता ही सच्चे लीडर की पहचानः प्रतिभा गुप्ता
जीवन में सफलता को गंभीरता, अनुशासन जरूरीः प्रो. हरबंश दीक्षित
प्रो. पंकज सिंह बोले, जीवन में हर क्षण सीखने के लिए रहें तैयार

मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के सेंटर फॉर टीचिंग, लर्निंग एंड डवलपमेंट- सीटीएलडी की ओर से इंटर-स्कूल वाद-विवाद प्रतियोगिता थॉटफुल लीडरशिप एरीना में सीसीएसआईटी की वंशिका सक्सेना विजेता रहीं। टीएमआईएमटी की जूही पांडे ने द्वितीय और एग्रीकल्चर कॉलेज की हरिका तृतीय स्थान पर रही। एलाइड एंड हेल्थकेयर साइंसेज की सरीश खान ने चौथा स्थान प्राप्त किया। एग्रीकल्चर कॉलेज की आराध्य चौधरी बेस्ट स्पीकर, जबकि लॉ एंड लीगल स्टडीज की समृद्धि शर्मा को बेेस्ट रिबटल के टाइटल्स से नवाजा गया। विजेता स्टुडेंट् को ट्राफी और सर्टिफिकेट्स देकर सम्मानित किया गया। इससे पूर्व मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके ग्रैंड फिनाले एरीना का मेडिकैट एलटी-4 में शंखनाद हुआ। प्रतियोगिता के तीन चरणों- द स्पार्क, द क्लैश और द एरीना के बाद 16 स्टुडेंट्स ने क्वार्टर फाइनल, 8 स्टुडेंट्स ने सेमीफाइनल और अंततः 4 स्टुडेंट्स ने फाइनल राउंड में प्रवेश किया। प्रतियोगिता में कुल 355 स्टुडेंट्स शामिल हुए। बी हार्ड, बी रेस्पेक्टिड, बी ए लीडर थीम पर स्टुडेंट्स ने अपनी तर्कशक्ति, वैचारिक समझ और वाक्-पटुता का प्रदर्शन किया।

ग्रैंड फिनाले में बतौर मुख्य अतिथि एवम् जज शामिल हुईं कान्स लायंस से संबद्ध, विज्ञापन एवम् संचार विशेषज्ञ और अल्फा 18 की संस्थापिका श्रीमती प्रतिभा गुप्ता ने स्टुडेंट्स को प्रेरित करते हुए कहा, अपने दिल की सुनें और बिना झिझक आगे बढ़ें। आत्मविश्वास और स्पष्टता के साथ अपनी बात रखना ही एक सच्चे नेता की असली पहचान है। कॉलेज ऑफ लॉ एंड लीगल स्टडीज के डीन प्रो. हरबंश दीक्षित ने बतौर विशिष्ट अतिथि अनुशासन पर जोर देते हुए कहा, सफलता केवल प्रतिभा से नहीं, बल्कि जीवन के प्रति गंभीरता, अनुशासन और निरंतर प्रयास से मिलती है। जो स्टुडेंट्स अपने लक्ष्यों को गंभीरता से लेते हैं, जीवन भी उन्हें उतनी ही गंभीरता से पुरस्कृत करता है। सीटीएलडी के डायरेक्टर प्रो. पंकज कुमार सिंह ने कहा, आज के दौर में परिस्थितिजन्य नेतृत्व एक अनिवार्य कौशल है। जीवन में हर क्षण सीखने के लिए तैयार रहें और अपने पास हमेशा कलम-कागज़ रखें, क्योंकि कोई भी विचार उल्लेखनीय हो सकता है। कार्यक्रम में मुख्य समन्वयक एवम् सीटीएलडी की चीफ ट्रेनर डॉ. जैस्मीन स्टीफन, सह-समन्वयक सॉफ्ट स्किल्स ट्रेनर सुश्री रचना आदि मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat