शिवशक्ति भवन मंदिर में धूमधाम से मनाई गई परशुराम जयंती
बिल्सी । कस्बे के प्रसिद्ध शिव शक्ति भवन मंदिर परिसर में बीती मंगलवार को वैशाख मास की शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर भगवान विष्णु के छठें अवतार भगवान परशुराम जी की जयंती धूमधाम से मनाई गई। कार्यक्रम में आचार्य गोरेलाल शर्मा ने भगवान परशुराम की प्रतिमा का पूजन व दीप प्रज्जवलन कर महा हवन का शुभारंभ किया, तत्पश्चात भव्य आरती हुई फिर भगवान परशुराम के समक्ष प्रसाद का भोग लगाकर सभी भक्तो के लिए वितरित किया गया | कार्यक्रम में मुख्य वक्ताओं ने ब्राह्मण समाज के उत्थान के बारे में अपने अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अशोक उपाध्याय एवं अनिल उपाध्याय ने कहा कि अक्षय तृतीया के दिन जन्म लेने के कारण ही भगवान परशुराम की शक्ति भी अक्षय थी। इतना ही नहीं, इनकी गिनती तो महर्षि वेदव्यास, अश्वस्थामा, राजा बलि, हनुमान, विभीषण, कृपाचार्य, ऋषि मार्कंडेय सहित उन आठ अमर किरदारों में होती है, जिन्हें कालांतर तक अमर माना जाता रहेगा। शास्त्रों में आठ चिरंजीव बताए गए हैं। परशुराम उन्हीं अष्टचिरंजीवियों में से एक हैं। उन्होंने कहा कि पूरा ब्राह्मण समाज भगवान परशुराम के वंशज हैं। ब्राह्मण हमेशा से पूज्यनीय रहा है। इस अवसर पर राजीव उपाध्याय, प्रदीप उपाध्याय, सोनू उपाध्याय, नेत्रपाल शंखधार, संजीव तिवारी, राकेश कटिया, धीरज उपाध्याय, आदित्य उपाध्याय, निधिश शर्मा, शैलेंद्र शर्मा, मनोहर लाल शर्मा, देवेंद्र शर्मा, सुनील देवल आदि समेत तमाम समाज के लोग मौजूद रहे। संवाद
Budaun Amarprabhat