> *पुलिस महानिदेशक महोदय, उ0प्र0 के आदेश से संचालित “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बदायूँ के पर्यवेक्षण में बदायूँ पुलिस की प्रभावी पैरवी से नाबालिग से दुष्कर्म करने वाले अभियुक्त को माननीय न्यायालय द्वारा 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा तथा कुल 54000/-रु0 के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।*
थाना उझानी पर पंजीकृत मु0अ0सं0 209/2019 धारा 363,366,120 B ,376(3) भादवि धारा ¾ व 17 पॉक्सों एक्ट बनाम राहुल उर्फ अजय पुत्र वीरपाल यादव निवासी ग्राम रियोनईया थाना उझानी जनपद बदायूँ की विवेचना तत्कालीन उ0नि0 श्री रामौतार सिंह द्वारा पूर्ण करते हुए माननीय न्यायालय में आरोप पत्र प्रेषित किया गया । इस अभियोग को श्रीमान पुलिस महानिदेशक महोदय,उ0प्र0 द्वारा चलाये जा रहे अभियान “ऑपरेशन कन्विक्शन” के अन्तर्गत चिन्हित करते हुए अभियोजन विभाग से समन्वय स्थापित करके समयबद्ध रुप से मॉनीटरिंग सेल जनपद बदायूं व पैरोकार का0 पिन्टू शर्मा थाना उझानी द्वारा माननीय न्यायालय पॉक्सों – 03 कोर्ट,बदायूँ में सशक्त पैरवी कर अभियोजन की कार्यवाही सम्पन्न कराई गयी, जिसके परिणामस्वरुप आज दिनाँक 15.10.2025 को माननीय न्यायालय पॉक्सों-03 कोर्ट,बदायूँ द्वारा अभियुक्त राहुल उपरोक्त को धारा 363 में दोषी पाते हुए 05 वर्ष के सश्रम कारावास के दण्ड से दण्डित किया गया है। तथा 2000/-रु0 के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया । अर्थदण्ड अदा न करने पर अभियुक्त को 02 माह के अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा । धारा 366 में दोषी पाते हुए 07 वर्ष के सश्रम कारावास के दण्ड से दण्डित किया गया है। तथा 2000/-रु0 के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया । अर्थदण्ड अदा न करने पर अभियुक्त को 02 माह के अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा । धारा 376(3) में दोषी पाते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास के दण्ड से दण्डित किया गया है। तथा 50000/-रु0 के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया । अर्थदण्ड अदा न करने पर अभियुक्त को 06 माह के अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा । आरोपित अर्थदण्ड की पूर्ण धनराशि पीड़िता को बतौर क्षतिपूर्ति अदा की जायेगी । अभियुक्त द्वारा इस मामले में पूर्व में जिला कारागार में व्यतीत की गयी अवधि उक्त सजा की अवधि में समायोजित की जायेगी । पैरवी करने वाले पैरोकार का0 पिन्टू शर्मा थाना उझानी तथा लोक अभियोजक प्रदीप भारती तथा विवेचक उ0नि0 रामौतार सिंह का योगदान सराहनीय रहा ।
Budaun Amarprabhat