बिल्सी। महाराणा प्रताप राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, बिल्सी में विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर शुक्रवार को एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. पंकज कुमार सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वर्ष 1947 के विभाजन के दौरान विस्थापित हुए लोगों के संघर्ष, पीड़ा, त्याग और बलिदान को स्मरण करना तथा उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करना था।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि 1947 का विभाजन भारतीय इतिहास का एक अत्यंत संवेदनशील और पीड़ादायक अध्याय है। इस त्रासदी के कारण लाखों लोगों को अपने पुश्तैनी घर, गांव और संपत्ति को छोड़कर विस्थापित होना पड़ा था। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए स्पष्ट किया कि इस दिवस को मनाने का उद्देश्य किसी के प्रति वैमनस्य या द्वेष पैदा करना नहीं है, बल्कि इतिहास की इन दर्दनाक घटनाओं से सीख लेकर भविष्य में ऐसी परिस्थितियों की पुनरावृत्ति को रोकना है। उन्होंने युवाओं से जाति, धर्म, भाषा और क्षेत्रवाद से ऊपर उठकर देश की एकता और अखंडता को मजबूत करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर महाविद्यालय में विभिन्न प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया। विभाजन विभीषिका प्रतियोगिता में खुशी सोलंकी और पल्लवी ने संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि रोशमीन तथा प्रिया दीक्षित ने संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान हासिल किया। इसके अलावा, तिरंगा प्रदर्शनी में अभय यादव, हरीश शाक्य, आशीष और अम्बिका देवल ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं, राष्ट्रीय ध्वज प्रतियोगिता में रीनू ने प्रथम स्थान हासिल किया।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने विभाजन के समय अपने प्राण गंवाने वाले तथा विस्थापन का दंश झेलने वाले हुतात्माओं को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। अंत में समाज में प्रेम, शांति, आपसी भाईचारे और सामाजिक सद्भाव की भावना को सुदृढ़ करने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर प्रमुख रूप से शाहबुद्दीन अली खान, अब्दुल रहीस अहमद, सुभाष बाबू, सूरज पाल, प्रदीप कुमार सहित समस्त महाविद्यालय परिवार और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
Budaun Amarprabhat