बदायूं / संवादाता: गोविंद देवल
कछला: भागीरथी कछला गंगा के समीपवर्ती इलाकों में पिछले कुछ दिनों से नर-मादा मगरमच्छों की चहलकदमी देखी जा रही है। इसकी जानकारी वन विभाग तक पहुँचाई गई है। इसके बाद क्षेत्रीय लोगों ने स्वयं सतर्कता बरतना शुरू कर दिया है।
गौरतलब है कि विगत दो वर्षों से गंगा तटीय क्षेत्रों में मगरमच्छों की उपस्थिति दर्ज की जा चुकी है। फिलहाल, इनका बसेरा सामंती नगला और पिपरौल के आसपास माना जा रहा है। अक्सर यही इलाके मगरमच्छों की मौजूदगी का केंद्र बने रहते हैं।
बीती रात कछला-सहसवान मार्ग पर रेलवे हालात के निकट सड़क पर मगरमच्छ दिखाई देने पर वाहन चालक अपनी गाड़ी रोककर सुरक्षित दूरी बनाए रखे। इससे पहले भी एक-दो मगरमच्छ इसी क्षेत्र के तालाबों में देखे गए थे।
विदित रहे कि बीते साल भी कछला क्षेत्र में मगरमच्छ से ट्रेन के पास हादसा हुआ था, जिसमें जानमाल का नुकसान हुआ। लेकिन वन विभाग ने क्षेत्रवासियों की सुरक्षा और वन्यजीव संरक्षण में कोई ठोस कदम नहीं उठाया।
ऐसे में ग्राम हुसैनपुर, पिपरौल और सामंती नगला के निवासी खुद में सतर्कता बरतते हुए अपने बच्चों और जानवरों को नदी के किनारे जाने से रोक रहे हैं।
Budaun Amarprabhat