जिले की राजनीति में अहम भूमिका निभा चुके नेता कर रहे पैरवी, पुराने कार्यकाल के विकास कार्यों पर भी उठ रही चर्चा
बदायूं। बिल्सी विधानसभा क्षेत्र में आगामी चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने लगी हैं। संभावित दावेदार अपनी राजनीतिक जमीन मजबूत करने में जुटे हैं। इसी बीच क्षेत्र से बाहर के दो व्यापारियों की दावेदारी और उनके समर्थन में राजनीतिक स्तर पर हो रही पैरवी को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
राजनीतिक गलियारों में सवाल उठ रहे हैं कि बिल्सी विधानसभा क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय स्थानीय नेताओं के बजाय बाहरी चेहरों को आगे बढ़ाने की कोशिश क्यों हो रही है। स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि क्षेत्र से जुड़ाव, जनता के बीच सक्रियता और स्थानीय समस्याओं की समझ को उम्मीदवार चयन में कितनी प्राथमिकता मिलेगी।
वहीं, जिले के जनप्रतिनिधि और केंद्र सरकार में जिम्मेदारी निभा चुके नेताओं की भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। जनता यह जानना चाहेगी कि उनके कार्यकाल में ऐसे कौन से प्रमुख विकास कार्य हुए, जिन्हें आज भी क्षेत्र के लोग याद करते हैं। अब यदि वे नए दावेदारों की पैरवी कर रहे हैं, तो उनके पुराने कार्यकाल और क्षेत्र के प्रति योगदान पर चर्चा होना स्वाभाविक है।
फिलहाल टिकट को लेकर कोई अंतिम स्थिति स्पष्ट नहीं है। ऐसे में चुनावी तस्वीर आने वाले समय में साफ होगी। क्षेत्र के लोगों की निगाहें इस बात पर रहेंगी कि उम्मीदवार के चयन में स्थानीय नेतृत्व, जनहित और विकास के मुद्दों को कितनी अहमियत दी जाती है।
Budaun Amarprabhat