Breaking News

“यज्ञ तीर्थ गुधनी में गूंजे वैदिक मंत्र: ‘अंदर के विकारों से युद्ध’ का संदेश, शांति का आह्वान”

Spread the love

आर्य समाज के साप्ताहिक सत्संग में यज्ञ-हवन, विद्वानों ने विश्व शांति और सद्विचारों की क्रांति पर दिया जोर

संवाददाता: गोविंद देवल
बिल्सी।
यज्ञ तीर्थ गुधनी स्थित प्रज्ञा यज्ञ मंदिर में आर्य समाज का साप्ताहिक सत्संग श्रद्धा और भक्ति के साथ आयोजित किया गया। इस दौरान वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यज्ञ-हवन संपन्न हुआ, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से ओतप्रोत हो गया।
पंडित प्रश्रय आर्य ने अथर्ववेद के छठे मण्डल के सूक्तों के मंत्रों से यज्ञ संपन्न कराया। वहीं वैदिक विद्वान आचार्य संजीव रूप ने अपने प्रवचन में कहा कि “सद्विचारों की क्रांति ही समाज में शांति स्थापित कर सकती है।” उन्होंने कहा कि वास्तविक युद्ध बाहरी नहीं, बल्कि अपने भीतर के काम, क्रोध, लोभ, मोह और अहंकार जैसे विकारों से होना चाहिए।
उन्होंने वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि विश्व में बढ़ता युद्ध मानवता के लिए घातक है और भारत सदैव शांति का मार्ग दिखाने वाला देश रहा है। ऐसे समय में देशवासियों को धैर्य और समर्पण के साथ चुनौतियों का सामना करना चाहिए।
सत्संग के दौरान पंडित प्रश्रय आर्य ने “शांति कीजिए प्रभु त्रिभुवन में” भजन प्रस्तुत कर सभी को भावविभोर कर दिया।
इस अवसर पर राकेश आर्य, बद्री प्रसाद आर्य, विचित्र पाल सिंह, सूरजवती देवी, सरोजा देवी, कमलेश रानी, दुर्वेश कुमार सिंह सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।


Spread the love

About Govind Deval

Check Also

भूमि विवाद, बिजली विभाग, पुलिस और विकास कार्यों से जुड़ी समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं।

Spread the loveबिसौली। तहसील सभागार में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में दूर-दराज क्षेत्रों से पहुंचे …

error: Content is protected !!