सावधानी हटती है, तभी दुर्घटना घटती है : तृप्ति शास्त्री
बिल्सी। तहसील क्षेत्र के यज्ञ तीर्थ गुधनी में स्थित प्रज्ञा यज्ञ मंदिर में आर्य समाज का रविवार को साप्ताहिक सत्संग आयोजित किया गया। वैदिक विदुषी तृप्ति शास्त्री ने यज्ञ संपन्न कराया और बताया सामवेद में भगवान सब मनुष्यों को सुखी रहने का सुंदर उपदेश करते हुए कहते हैं कि सभी मनुष्यों को सावधान होकर के काम करना चाहिए। सावधानी हटती है तभी दुर्घटना घटती है। मनुष्य को सबसे अधिक सावधान अपनी शारीरिक उन्नति के लिए रहना चाहिए क्योंकि शरीर स्वस्थ है तभी तक संसार के सब कार्य संभव है। उसके पश्चात अपनी आत्मिक उन्नति का विचार करना चाहिए, तत्पश्चात सामाजिक उन्नति का विचार करें। उन्होंने बताया आगामी एक से नौ जून तक वैदिक विद्वान आचार्य संजीव रूप के निर्देशन में आर्य समाज गुधनी का जनपद स्तरीय यज्ञ महोत्सव 2025 मना रहा है। जिसमें समाज को संस्कारित करने तथा पर्यावरण को उत्तम बनाने के लिए बड़ा अनुष्ठान किया जाएगा। इस मौके पर अंजलि रानी, तानिया रानी, मोना रानी, संतोष कुमारी, रेखा देवी, मास्टर साहब सिंह, विशेष कुमार, प्रश्रय आर्य तथा आर्य संस्कारशाला के बच्चे मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat