सरकारी विभागों पर भड़के किसान नेता, 15 मई को बड़े फैसले के संकेत
टिकैत जयंती पर मालवीय आवास गृह में जुटेंगे जिलेभर के पदाधिकारी
खाद की कालाबाजारी, धनउगाही और फर्जी मुकदमों को लेकर सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा ज्ञापन
संवाददाता : गोविंद देवल, बदायूं
जनपद में किसानों की समस्याओं और विभिन्न विभागों की कार्यप्रणाली को लेकर किसान नेताओं ने नाराजगी जताते हुए मंगलवार को धरना स्थल पर बैठक की। इस दौरान सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपकर खाद की कालाबाजारी, चेकिंग के नाम पर कथित धनउगाही और किसानों के उत्पीड़न का मुद्दा उठाया गया।
बैठक में पहुंचे जिलाध्यक्ष रामाशंकर शंखधार ने कहा कि वर्तमान समय में जिले के कई सरकारी विभाग बेलगाम हो चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कृषि विभाग से लेकर पुलिस विभाग तक आम जनता के साथ उचित व्यवहार नहीं कर रहे हैं। किसानों को खाद ब्लैक में खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जबकि चेकिंग अभियान के नाम पर गरीब लोगों का उत्पीड़न किया जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि संगठन के एक तहसील उपाध्यक्ष के खिलाफ बिनावर थाने में एससी-एसटी एक्ट के तहत फर्जी मुकदमा दर्ज किया गया है। इस पूरे मामले पर 15 मई को मालवीय आवास गृह में आयोजित होने वाली बैठक में सर्वसम्मति से आगे की रणनीति तय की जाएगी।
बताया गया कि 15 मई को किसान नेता चौधरी महेंद्र सिंह टिकैत की जयंती के अवसर पर जिलेभर के पदाधिकारी एकत्र होंगे, जहां संगठन से जुड़े कई अहम निर्णय लिए जाएंगे।
धरना स्थल पर युवा जिलाध्यक्ष अमरपाल सिंह यादव, जिला उपाध्यक्ष रामकुमार शर्मा, तहसील अध्यक्ष अर्जुन सिंह, तहसील उपाध्यक्ष कैसर अली, भंवर पाल सिंह, ब्लॉक सचिव सलारपुर बृजपाल प्रजापति, पप्पू सागर, ओमकार, अरविंद, नेत्रपाल सिंह सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat