
सीएमओ ने बच्चों को खिलाई दवा, 1 से 19 वर्ष तक सभी को साल में दो बार लेने की सलाह
बदायूँ | संवाददाता
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का शुभारम्भ बदायूँ में डॉ. रामेश्वर मिश्रा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं एच.पी. इंटरनेशनल स्कूल की प्रधानाचार्या द्वारा बच्चों को एल्बेंडाजॉल टैबलेट (पेट के कीड़ों की दवा) खिलाकर किया गया।
इस मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामेश्वर मिश्रा ने बताया कि कृमि संक्रमण के कारण बच्चों, किशोरों एवं किशोरियों में कुपोषण और खून की कमी हो जाती है, जिससे हमेशा थकान बनी रहती है और शारीरिक व मानसिक विकास बाधित होता है। उन्होंने कहा कि 01 से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों और किशोर-किशोरियों को यह दवा वर्ष में दो बार अवश्य लेनी चाहिए।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. असलम ने कहा कि कृमि संक्रमण से बचाव आसान है। उन्होंने स्वच्छता पर जोर देते हुए कहा कि खुले में शौच न करें, शौचालय का उपयोग करें, आसपास सफाई रखें, फल-सब्जियों को साफ पानी से धोएं, ढककर भोजन रखें, साफ पानी पिएं, नाखून छोटे व साफ रखें, जूते-चप्पल पहनें तथा खाने से पहले और शौच के बाद हाथ साबुन से जरूर धोएं।
उन्होंने बताया कि कृमि नियंत्रण की चबाने वाली गोली सभी सरकारी, सहायता प्राप्त एवं निजी विद्यालयों, मदरसों और आंगनबाड़ी केंद्रों पर निःशुल्क उपलब्ध है। स्कूल न जाने वाले बच्चों को नजदीकी आंगनबाड़ी केंद्र पर यह दवा खिलाई जाएगी। जो बच्चे किसी कारणवश छूट जाएं, उन्हें 13 फरवरी 2026 को मॉप-अप दिवस पर दवा अवश्य खिलाई जाएगी।
इस अवसर पर विद्यालय की अध्यापक-अध्यापिकाएं, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी, डीसीपीएम, अर्बन कोऑर्डिनेटर, आर.के.एस.के. कोऑर्डिनेटर सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat