चौपाल से चौराहों तक जागरूकता की गूंज, हेल्पलाइन नंबर बने महिलाओं का सुरक्षा कवच
संवाददाता: गोविंद देवल
बदायूं। महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आया। “मिशन शक्ति 5.0” के तहत जनपद में पुलिस टीमों ने चौपाल से लेकर बाजार और स्कूल-कॉलेज तक पहुंचकर ऐसा माहौल बनाया कि हर बेटी खुद को पहले से ज्यादा सुरक्षित और जागरूक महसूस कर सके।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन में 8 अप्रैल 2026 को जिले के सभी थानों पर तैनात मिशन शक्ति टीमों ने अपने-अपने क्षेत्रों में कार्यक्रम आयोजित किए। इन कार्यक्रमों में महिलाओं और बालिकाओं को न सिर्फ उनके अधिकार बताए गए, बल्कि मौके पर ही उनकी समस्याओं को सुनकर समाधान का भरोसा भी दिया गया।
🚨 हर गली-मोहल्ले में जागरूकता का अभियान
टीमों ने प्रमुख बाजारों, चौराहों, स्कूलों, कॉलेजों और धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर महिलाओं को सरकार की योजनाओं की जानकारी दी। इसमें मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, उज्ज्वला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, आयुष्मान योजना समेत कई योजनाएं शामिल रहीं।
📞 एक कॉल पर मदद—हर नंबर बना सुरक्षा कवच
महिलाओं को हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देकर बताया गया कि संकट की घड़ी में वे अकेली नहीं हैं। वीमेन पावर लाइन 1090, पुलिस आपातकालीन सेवा 112, महिला हेल्पलाइन 181, एम्बुलेंस 108, स्वास्थ्य सेवा 102 और साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 जैसे नंबरों का पंपलेट बांटकर विस्तार से समझाया गया।
साइबर अपराध पर सख्त चेतावनी
अभियान के दौरान साइबर ठगी, ऑनलाइन फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट जैसे नए अपराधों को लेकर खास अलर्ट जारी किया गया। महिलाओं को साफ शब्दों में चेताया गया कि किसी भी अनजान व्यक्ति को बैंक डिटेल, OTP या CVV नंबर साझा न करें, वरना एक छोटी सी गलती भारी नुकसान में बदल सकती है।
17 अप्रैल तक चलेगा विशेष अभियान
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि 19 मार्च से शुरू हुआ यह विशेष अभियान 17 अप्रैल तक लगातार जारी रहेगा, जिसमें महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने पर पूरा जोर रहेगा।
कुल मिलाकर, मिशन शक्ति अभियान ने एक बार फिर यह संदेश दे दिया है कि अब बेटियों की सुरक्षा सिर्फ जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्राथमिकता बन चुकी है—और इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
Budaun Amarprabhat