अवैध धंधों के खिलाफ हुंकार

बदायूं। उत्तर प्रदेशीय सफाई मजदूर संघ ने शहर में बड़े पैमाने पर फल-फूल रहे सट्टा, जुआ और स्मैक के अवैध कारोबार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. संघ के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को एक मांग पत्र भेजकर इस सामाजिक गंदगी को जड़ से खत्म करने की पुरजोर मांग की है। संघ ने साफ लहजे में चेतावनी दी है कि यदि इस अवैध धंधे पर प्रभावी रोक नहीं लगाई गई, तो सफाई कर्मचारी सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
उत्तर प्रदेशीय सफाई मजदूर संघ के नगर अध्यक्ष रमेश डी. लाल बाल्मीकि और नगर महासचिव अरुण कुमार द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि शहर में कई शातिर गैंग सक्रिय हैं, जो बड़े स्तर पर सट्टा, जुआ और स्मैक का नेटवर्क चला रहे हैं। इस जानलेवा लत के कारण जनपद व शहर का आम जनमानस और विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर दलित व बाल्मीकि समाज पूरी तरह बर्बादी की कगार पर पहुंच गया है।
पदाधिकारियों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि समाज के नौजवान दिन-रात आईपीएल सट्टा और जुए के जाल में फंसकर मेहनत की गाढ़ी कमाई उड़ा रहे हैं, जिससे उनके हंसते-खेलते परिवार तबाह हो रहे हैं।
संघ ने शहर की कानून व्यवस्था पर चिंता जताते हुए याद दिलाया कि करीब एक साल पहले लालपुल चौराहे पर सट्टे के कारोबार के वर्चस्व को लेकर हुई गैंगवार में एक नौजवान की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। इतना ही नहीं, सट्टे और जुए के दलदल में लाखों रुपये हारने के बाद कर्ज के बोझ तले दबे कई युवा शहर छोड़ने को मजबूर हो गए हैं, तो कई अवसाद में आकर आत्महत्या जैसा आत्मघाती कदम उठाने को विवश हो रहे हैं।
सफाई कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से एक राय होकर यह संकल्प लिया है कि जिस तरह वे रोजाना शहर की गलियों और सड़कों को साफ करते हैं, ठीक उसी तरह अब समाज में फैली सट्टा, जुआ और स्मैक जैसी इस प्रशासनिक व सामाजिक गंदगी को भी कानून के दायरे में रहकर जनहित के संघर्ष से साफ करेंगे। संघ ने जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की जिले में बनी अच्छी छवि पर भरोसा जताते हुए मांग की है कि वे अपने अधीनस्थ पुलिस अधिकारियों को निर्देशित कर इन अवैध धंधों को तत्काल बंद करवाएं। सफाई मजदूर संघ द्वारा इस मांग पत्र की प्रतिलिपि अपर जिलाधिकारी, नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष व अधिशासी अधिकारी, सिटी मजिस्ट्रेट सहित अन्य जिम्मेदारों को भी आवश्यक कार्रवाई व जन-जागरूकता हेतु प्रेषित की गई है।
ज्ञापन देने वालों में प्रमुख रूप से रमेश डी. लाल बाल्मीकि, अरुण कुमार, संदीप कुमार, अमरदीप बाल्मीकि एवं अजय प्रधान सहित अनेकों लोग मौजूद रहे।
Budaun Amarprabhat