Breaking News

टीएमयू में एआई एंड ब्लॉकचेन में मिलेगी अब बीटेक की डिग्री

Spread the love

मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ एंड इंफॉरर्मेशन टेक्नोलॉजी- सीसीएसआईटी के आईबीएम के संग रिश्ते और भी प्रगाढ़ हो गए हैं। सीसीएसआईटी ने आईबीएम के कोलाबोरेशन से एक और नया प्रोग्राम शुरू किया है। इस प्रोग्राम के तहत इसी सत्र से आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस- एआई और ब्लॉकचेन में बीटेक-सीएसई की डिग्री दी जाएगी। इस प्रोग्राम की अवधि चार साल की है। बीटेक का यह प्रोग्राम तकनीकी कौशल, समस्या समाधान क्षमता के संग-संग वैश्विक स्तर पर स्टुडेंट्स को तैयार करने में मील का पत्थर साबित होगा। टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में नवाचार, गुणवत्ता शिक्षा के मद्देनज़र यह प्रोग्राम प्रारम्भ किया गया है। यह कोर्स स्टुडेंट्स को भारत के डिजिटल इंडिया, स्टार्टअप इंडिया, और मेक इन इंडिया सरीखे राष्ट्रीय अभियानों को यह कोर्स सशक्त करेगा। इस कोर्स के बाद स्टुडेंट्स नवाचार, तकनीकी विकास और रोजगार सृजन में महत्वूर्ण योगदान देंगे। इस डिग्री के ज़रिए छात्रों को न केवल विश्वस्तरीय शिक्षा मिलेगी, बल्कि वे रोजगार की दृष्टि से भी अत्यंत मजबूत बनेंगे।
यह जानकारी देते हुए सीसीएसआईटी के प्राचार्य प्रो. आरके द्विवेदी ने बताया, एआई और ब्लॉकचेन तकनीकों का संयोजन आज नवाचार, सुरक्षा और पारदर्शिता के नए आयाम खोल रहा है। एआई निर्णयों को ब्लॉकचेन पर सुरक्षित रूप से संग्रहित कर पारदर्शी ऑडिटिंग संभव हो रही है, वहीं विकेन्द्रीकृत एआई बाज़ार में डेटा, मॉडल और एल्गोरिदम का सुरक्षित आदान-प्रदान हो रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं में रोगी डेटा विश्लेषण, वित्तीय क्षेत्र में धोखाधड़ी की पहचान, आपूर्ति श्रृंखला में उत्पाद की निगरानी और स्वायत्त वाहनों के लिए सुरक्षित डेटा साझाकरण जैसे अनुप्रयोग इस तकनीकी संगम की शक्ति को दर्शाते हैं। एआई और ब्लॉकचेन का संयोजन तकनीकी नवाचार का शक्तिशाली माध्यम बन चुका है। स्वास्थ्य, वित्त, शिक्षा, ई-कॉमर्स और परिवहन जैसे क्षेत्रों में एआई जहां बुद्धिमान विश्लेषण और स्वचालन प्रदान करता है, वहीं ब्लॉकचेन डेटा की सुरक्षा, पारदर्शिता और ट्रेसिबिलिटी सुनिश्चित करता है। यह समन्वय स्मार्ट अनुबंध, स्वायत्त वाहन, एनएफटी और डिजिटल पहचान जैसे समाधानों को सशक्त बनाता है, जो एक सुरक्षित, उत्तरदायी और विश्वसनीय डिजिटल भविष्य की दिशा तय करता है।टीएमयू का यह प्रोग्राम तकनीकी शिक्षा और नवाचार को एक नया दृष्टिकोण प्रदान करेगा।


Spread the love

About Budaun Amarprabhat

Check Also

शिक्षा और संस्कारों का संगम: 59 वर्षों से उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर रहा है नेहरू मेमोरियल शिव नारायण दास कॉलेज

Spread the love ‘सत्यम शिवम् सुन्दरम्’ के आदर्श वाक्य को मानकर हर वर्ष 5500 से …

error: Content is protected !!