बिल्सी।
नगर के मोहल्ला संख्या एक स्थित प्राचीन हनुमानगढ़ी मंदिर के निकट खेतों में लंबे समय से जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण करीब 150 बीघा कृषि भूमि प्रभावित हो गई है। सालभर खेतों में पानी भरे रहने से किसान खेती करने में असमर्थ हैं, जिससे उनकी आजीविका पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है।
समस्या के समाधान के लिए रविवार को किसानों ने प्रदर्शन कर अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट किया। स्थानीय किसानों का कहना है कि उन्होंने कई बार नगर पालिका और प्रशासन को जलभराव की समस्या से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
नालियों की सफाई और जलनिकासी की व्यवस्था न होने के कारण बरसात के बाद हालात और बिगड़ जाते हैं। खेतों में महीनों तक पानी भरा रहने के कारण फसल बोना तो दूर, खेत में जाना भी मुश्किल हो जाता है। इससे किसानों की आमदनी पूरी तरह ठप हो गई है और परिवार का भरण-पोषण, बच्चों की शिक्षा और दैनिक जरूरतें पूरी करना कठिन हो गया है। कई किसानों ने कर्ज बढ़ने की भी बात कही।
साथ ही खेतों में भरे दूषित पानी से मच्छरों का प्रकोप बढ़ रहा है, जिससे डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा भी उत्पन्न हो गया है।
किसान चेतन यादव, श्योराज सिंह, रामवीर सिंह, सोबरन सिंह पाली, सुरेश बाबू, वीरेश कुमार, पान सिंह और राजेंद्र सिंह ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द स्थायी जलनिकासी की व्यवस्था की जाए, ताकि उनकी खेती और जीवन निर्वाह प्रभावित न हो।
Budaun Amarprabhat