चंदौसी अदालत का संदेश—बेटियों की गरिमा से खिलवाड़ करने वालों को नहीं मिलेगी राहत
संवाददाता: , चंदौसी (संभल)
जनपद संभल के चंदौसी स्थित विशेष पॉक्सो न्यायालय ने नाबालिग बालिका से छेड़छाड़ व लैंगिक अपराध के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए चार वर्ष के कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) अवधेश सिंह की अदालत ने विशेष सत्र परीक्षण संख्या 183/2019 (अपराध संख्या 117/2019, थाना गुन्नौर) में सुनवाई करते हुए आरोपी भुवनेश पुत्र अनेक सिंह निवासी ग्राम बझागी को धारा 8 पॉक्सो एक्ट के तहत दोषसिद्ध पाया।
अदालत ने अपने निर्णय में स्पष्ट किया कि बालिकाओं की सुरक्षा और सम्मान सर्वोपरि है तथा इस प्रकार के अपराधों में किसी प्रकार की नरमी नहीं बरती जा सकती।
मजबूत पैरवी से मिला न्याय
मामले में विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो एक्ट) नरेन्द्र कुमार यादव ने सशक्त पैरवी करते हुए साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत के समक्ष पक्ष को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया, जिसके परिणामस्वरूप न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराया।
सुरक्षा के प्रति सख्ती का संकेत
इस निर्णय को महिलाओं व बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर चलाए जा रहे अभियान के तहत एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों ने इसे न्यायिक व्यवस्था की संवेदनशीलता और सख्ती का उदाहरण बताया है।
यह फैसला समाज के लिए एक स्पष्ट संदेश है कि नाबालिगों के विरुद्ध अपराधों में दोषियों को कानून के तहत कठोर दंड का सामना करना पड़ेगा।
Budaun Amarprabhat