प्रशासन को दी चेतावनी – नहीं रुकी साजिश तो भड़क सकती है जनभावना, सीसीटीवी फुटेज खंगालने की मांग

अमर प्रभात ब्यूरो,
बदायूं। जनपद में समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की छवि धूमिल करने की एक बड़ी साजिश सामने आई है। शहर के तमाम मुख्य व संवेदनशील चौराहों पर अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा अखिलेश यादव की फोटो लगाकर भ्रामक, झूठे और आपत्तिजनक आरोपों वाले होर्डिंग्स व पोस्टर लगा दिए गए हैं। इस घटना से जिले के सपाई खेमे और समर्थकों में भारी आक्रोश है। बुधवार को सहसवान से सपा विधायक ब्रजेश यादव व अन्य सपा नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र सौंपकर आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
एसएसपी को सौंपे गए शिकायती पत्र में सपा नेताओं ने बताया कि शहर के सबसे व्यस्त और संवेदनशील इलाकों को निशाना बनाकर ये होर्डिंग्स लगाए गए हैं। इनमें मुख्य रूप से जिला पंचायत गेट के सामने, बैल्गा फैक्ट्री के पास, अम्बेडकर पार्क, दातागंज तिराहा, बड़ी जियारत, रोडवेज के पास लगाए गए थे।
ब्रजेश यादव का आरोप है कि यह कृत्य केवल हमारे नेता अखिलेश यादव की छवि खराब करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे समाज में वैमनस्यता फैलाने और जिले का शांत माहौल बिगाड़ने की एक सोची-समझी साजिश है। सार्वजनिक स्थानों पर इस तरह की भड़काऊ सामग्री लगाए जाने से आम जनता में भी तीखा आक्रोश देखा जा रहा है।
सपा नेताओं ने पुलिस और स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी उंगली उठाई है। पत्र में कहा गया है कि शहर के इतने व्यस्त और संवेदनशील स्थानों पर खुलेआम पोस्टर टांग दिए जाते हैं और खुफिया तंत्र व प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं लगती। इससे असामाजिक तत्वों के हौसले बुलंद हो रहे हैं।
समाजवादी पार्टी इकाई ने इस कृत्य की कड़े शब्दों में निंदा की है। एसएसपी से मांग की गई है कि इन सभी चिन्हित स्थानों के आस-पास लगे सीसीटीवी फुटेज को तत्काल खंगाला जाए और अन्य माध्यमों से अज्ञात दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जाए।
नेताओं ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि समय रहते इन शरारती तत्वों पर नकेल नहीं कसी गई, तो जिले की कानून व्यवस्था प्रभावित हो सकती है और जनभावनाएं भड़क सकती हैं, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी।
एसएसपी को दिए गए इस मांग पत्र पर मुख्य रूप से ब्रजेश यादव, विधायक सहसवान, सुरेश पाल सिंह चौहान, इन्दु सक्सेना, अनिल गोस्वामी, नरोत्तम सिंह, अशोक यादव समेत दल के कई अन्य प्रमुख पदाधिकारियों, पूर्व जन-प्रतिनिधियों और वरिष्ठ नेताओं के हस्ताक्षर मौजूद रहे। नेताओं ने दो टूक कहा कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती, वे शांत नहीं बैठेंगे।
Budaun Amarprabhat