उसावां/बदायूं। खरीफ की प्रमुख फसल धान और बाजरा तैयार होने के समय उसावां ब्लॉक क्षेत्र में सरकारी क्रय केंद्र नहीं खुलने से किसानों के सामने उपज बेचने को लेकर चिंता बढ़ गई है। किसानों ने प्रशासन से समय रहते साधन सहकारी समितियों और उपमंडी क्षेत्रों में धान एवं बाजरा के क्रय केंद्र खोले जाने की मांग की है।
किसानों के अनुसार ब्लॉक क्षेत्र में 52 ग्राम पंचायतें और नौ सहकारी समितियां हैं। इस वर्ष अभी तक धान और बाजरा की सरकारी खरीद के लिए कोई क्रय केंद्र निर्धारित नहीं किया गया है। जबकि पिछले वर्ष विपणन शाखा, बाजरा क्रय केंद्र उपमंडी रावतपुर-उसावां सहित पीसीएफ, यूपीएसएस और पीसीयू के माध्यम से धान खरीद के केंद्र संचालित किए गए थे।
किसानों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर सरकारी खरीद की व्यवस्था नहीं होने पर उन्हें अपनी उपज बेचने के लिए दूर-दराज के बाजारों का रुख करना पड़ सकता है। इससे उन्हें अतिरिक्त खर्च और परेशानी का सामना करना पड़ेगा। किसानों ने आशंका जताई कि सरकारी केंद्र नहीं होने पर उन्हें निजी व्यापारियों पर निर्भर रहना पड़ सकता है।
किसान बाबूराम, हेमराज, लाल सिंह, राम रहीश, नत्थूराम, मुकेश, हरिओम और शीशराम ने जिलाधिकारी अवनीश राय को पत्र भेजकर उसावां ब्लॉक क्षेत्र की उपमंडी तथा बीरमपुर-भेदली में धान और बाजरा के क्रय केंद्र खोले जाने की मांग की है।
किसानों ने प्रशासन से मांग की कि सरकारी खरीद शुरू होने से पहले क्रय केंद्र निर्धारित कर आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी की जाएं, ताकि उन्हें अपनी उपज बेचने में परेशानी न हो।
इस संबंध में उप जिलाधिकारी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि किसानों की मांग को गंभीरता से लिया जाएगा। संबंधित विभाग से क्रय केंद्रों की व्यवस्था के संबंध में जानकारी लेकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
Budaun Amarprabhat